165+ Best Masoom chehra shayari in hindi|मासूम चेहरा शायरी इन हिंदी

165+ Best Masoom chehra shayari in hindi|मासूम चेहरा शायरी इन हिंदी

वो मासूम चेहरा कविता

तमन्ना ना की हो उसने,
मैं इतना प्यार दू
मासूम सी मोहब्बत पर
अपनी जान वार दू,

दिल से बहुत मासूम हूं मैं,
बस मेरे कारनामे ही ख़तरनाक हुआ करते है,

ए खुदा, सच्चे दिल से
दरख्वास्त करता हूं तुझसे,
मासूम मुस्कान को उसकी,
जुदा ना करना चेहरे से,

मासूम सा दिल करता
रहा प्यार का इजहार,
मगर तुमने ओ जालिमा,
किया मेरा इनकार,

मासूम सी सूरत को अपन,
दिल में बसा लेते हम,
प्यार की हद से भी
ज्यादा प्यार कर लेते हम,

कहाँ कोई आजकल सच्चा होता हैं,
कहाँ सभी के मकान पक्का होता हैं,
आजकल किसी के अंदर भी कहाँ
मासूम दिल वाला बच्चा होता हैं,

कुछ इस कदर ताल्लूक टूटा है नींद से,
कि चाहूं सपने में मिलूंगा उन्हें तो सारी रात,
जागने में ही गुजर जाती है,

किस क़दर मासूम सा चेहरा था उस काग़ालिब
धीरे से जान कह कर बेजान कर गया,

मासूम निगाहों को मुस्कुराते देखा है,
मैंने अपनी मोहब्बत को तुम्हे दिल में छुपाते देखा है,

सिर्फ चेहरा ही नहीं शख्सियत भी पहचानो ,
जिसमें दिखता हो वही आईना नहीं होता,

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